स्वामी प्रसाद मौर्य को अखिलेश यादव ने पटका,
राहुल गांधी से मुलाकात के बाद भी नहीं बनी बात, 2027 से पहले विपक्षी सियासत में बढ़ी हलचल
अखिलेश राय, कार्यकारी सम्पादक (अमिट रेखा) : लखनऊ। उत्तर प्रदेश में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी राजनीति में गठबंधन को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात के बाद INDIA गठबंधन में शामिल होने की घोषणा करने वाले स्वामी प्रसाद मौर्य को समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के बयान से झटका लगा है। अखिलेश यादव ने मौर्य और उनकी पार्टी को सपा के गठबंधन का हिस्सा मानने से इनकार कर दिया है।
लखनऊ स्थित समाजवादी पार्टी मुख्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अखिलेश यादव से स्वामी प्रसाद मौर्य के साथ गठबंधन की संभावनाओं को लेकर सवाल किया गया। इस पर उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि स्वामी प्रसाद मौर्य उनके गठबंधन में शामिल नहीं हो सकते और न ही वह सीटों के हिसाब-किताब में आते हैं। उन्होंने इस विषय पर अनावश्यक बहस से बचने की सलाह देते हुए कहा कि ऐसी बातों को नजरअंदाज करना ही बेहतर है।
अखिलेश यादव के इस रुख के बाद स्वामी प्रसाद मौर्य की राजनीतिक रणनीति को लेकर सवाल उठने लगे हैं। राहुल गांधी से मुलाकात के बाद मौर्य ने INDIA गठबंधन में अपनी पार्टी के शामिल होने की घोषणा की थी, लेकिन समाजवादी पार्टी की ओर से मिले इस स्पष्ट संदेश ने गठबंधन की संभावनाओं पर नई चर्चा छेड़ दी है।
राजनीतिक दृष्टि से यह घटनाक्रम 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले विपक्षी दलों के बीच तालमेल की चुनौतियों को उजागर करता है। हालांकि, इस बयान का INDIA गठबंधन के अन्य घटकों की रणनीति पर क्या असर पड़ेगा, यह आने वाले दिनों में स्पष्ट होगा।