तमकुहीराज में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनी सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती, राष्ट्रीय एकता का लिया संकल्प
विभिन्न स्थानों पर आयोजित हुईं विचार गोष्ठियां, वक्ताओं ने सरदार पटेल के त्याग, संघर्ष और राष्ट्र निर्माण में योगदान को किया याद
अमिट रेखा | कृष्णा यादव, तमकुहीराज/कुशीनगर। लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती शनिवार को तमकुहीराज में श्रद्धा और उत्साह के साथ राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाई गई। इस अवसर पर पटेल नगर स्थित उनकी प्रतिमा पर विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं, समाजसेवियों और गणमान्य नागरिकों ने माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। इसके साथ ही अलग-अलग स्थानों पर विचार गोष्ठियों का आयोजन कर उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला गया।
पटेल नगर स्थित पटेल कटरा में समाजसेवी एवं पूर्व प्रधान उमेश्वर सिंह पटेल की अध्यक्षता में आयोजित संगोष्ठी में मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व राज्यमंत्री डॉ. पीके राय ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल एकता, अखंडता और दृढ़ संकल्प के अद्वितीय प्रतीक थे। उनका संपूर्ण जीवन राष्ट्रसेवा और देश की एकता को समर्पित रहा। स्वतंत्रता संग्राम में उनके संघर्ष, नेतृत्व क्षमता और अदम्य इच्छाशक्ति ने उन्हें भारतीय इतिहास में विशिष्ट स्थान दिलाया। उनके आदर्शों को आत्मसात करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
वहीं एसएस महाविद्यालय गाजीपुर में समाजवादी पार्टी के पूर्व प्रत्याशी डॉ. उदय नारायण गुप्ता की अध्यक्षता में जयंती समारोह आयोजित हुआ। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने अपनी कूटनीति, दूरदर्शिता और दृढ़ इच्छाशक्ति से आजादी के बाद देश की 565 से अधिक रियासतों के भारतीय संघ में विलय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। खेड़ा और बारडोली सत्याग्रह में किसानों के अधिकारों के लिए उनके संघर्ष ने उन्हें जननेता के रूप में स्थापित किया। भारत को एक सूत्र में पिरोने के उनके ऐतिहासिक योगदान के कारण ही उन्हें लौह पुरुष कहा जाता है।
इसी क्रम में भाजपा नेता एवं पूर्व ब्लॉक प्रमुख तमकुहीराज डॉ. विजय राय ने अपने स्थानीय कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में सरदार पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्र की अखंडता में सरदार पटेल का योगदान अतुलनीय है। उनकी जयंती को वर्ष 2014 से राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। उनका जीवन अनुशासन, देशभक्ति और कठिन परिस्थितियों में भी दृढ़ रहने की प्रेरणा देता है। आज आवश्यकता है कि हम उनके विचारों को अपनाकर राष्ट्रीय एकता और आपसी भाईचारे को मजबूत करें।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने सरदार पटेल के जीवन आदर्शों पर चलने तथा देश की एकता, अखंडता और सामाजिक सद्भाव बनाए रखने का संकल्प लिया। आयोजकों के अनुसार, विधानसभा क्षेत्र में प्रस्तावित एक अन्य कार्यक्रम स्थल पर चक्रवात के कारण जलभराव होने से कार्यक्रम एसएस महाविद्यालय में आयोजित किया गया।
इस अवसर पर अवनी, सचिन पटेल, डॉ. विजय सेन सिंह, धर्मेंद्र मद्धेशिया, अमित सिंह पटेल, धर्मेंद्र सिंह पटेल, राजू सिंह पटेल, अशोक सिंह पटेल सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।